July 6, 2022

अखिल भारतीय मुशायरा एवं कवि सम्मेलन का आयोजन 

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  • वाराणसी/संसद वाणी।

उत्तर प्रदेश उर्दू अकादमी (उ0 प्र0 शासन) एवं मौलाना फैजुल्लाह अयोध्या फाउंडेशन के तत्वावधान में सरैयाँ पुराने पुल स्थित आलिया गार्डन बनारस में एक अखिल भारतीय मुशायरा एवं कवि सम्मेलन का आयोजन किया गया जिस की अध्यक्षता उड़ीसा से आए वरिष्ठ शायर नासिर फराज और संचालन समर गाजी पुरी ने की। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि उ0प्र0 उर्दू अकादमी के सदस्य सैयद इतरत हुसैन थे और शमा रोशन किया तथा इमरान खान ने। मेहमानों को उर्दू अकादमी के आफिस सुपरिटेंडेंट मोहसिन खान के द्वारा पुष्प गुच्छ पेश कर के कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया।

इस अवसर पर मुख्य अतिथि ने कहा कि उर्दू अकादमी के द्वारा प्रदेश में उर्दू कार्यक्रम के अन्तर्गत मुशायरा, सेमिनार, बैत बाजी, शाम ए गजल व ड्रामें इत्यादि कराए जा रहे हैं। मोहसिन खान ने कहा कि हमारा प्रयास उर्दू कार्यक्रमों को शहर से लेकर गांव देहातों तक पहुंचाना है। सरपरस्त जलाल सिद्दीकी ने कहा कि उर्दू के उत्थान के लिए हमे अलग अलग मोर्चो पर काम करना होगा। पपेट थिएटर के निदेशक मिथिलेश दूबे ने अपनी प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि यहां राष्ट्रीय स्तर पर मुशाएरा कराना गौरव की बात है। मुशायरे का आरंभ मैकशय आजमी द्वारा देश प्रेम और भाई चारे पर आधारित गीत प्रस्तुत करके किया गया।

मुशायरा में पढ़े गए काव्य प्रस्तुत है। मां से ही मगफिरत की दुआ मां मांग रहा है जन्नत से ही जन्नत का पता पता पूछ रहा है- नासिर फराजी उड़ीसा, कतरे की आरजू में समन्दर चला गया दुनिया मिली तो दीन की दौलत चली गई -अनीक अहमद अनीक, नागपुर, अपने इस मुल्क की हर वक्त हिफाजत के लिए सर लिए फिरते हैं हम लोग शहादत के लिए-निजाम बनारसी शॉन, करीमी तेरी मौला क्या कहना तुमने शराबी अल्लाह वाले कर डाले – शकील बरेल्विक नफरतों की खींच दी कैसी लकीर आदमी हिंदू-मुसलमान हो गया – गाजीपुरी, इसके अलावा ज्योति आजाद खत्री, असद आजमी, इमरान फैज, कविता शाहीन आदि ने अपनी रचनाएं प्रस्तुत किया। इस अवसर पर शहर के गणमान्य लोग मुशायरे में उपस्थित रहे।

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